Current Affairs February 26, 2018

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Current Affairs February 26, 2018 को सभी अखबारों जैसे द हिंदू, द इकोनॉमिक टाइम्स, प्रेस इनफार्मेशन ब्यूरो, टाइम्स ऑफ इंडिया, इंडियन एक्सप्रेस और बिजनेस स्टैंडर्ड का अध्ययन कर तैयार किया गया है। यह जानकारी पाठक को UPSC, SSC, Banking, Railway और अन्य सभी प्रतियोगिता परीक्षा में बेहतर प्रदर्शन में सहायक होगी।

जिमनास्टिक विश्व कप: प्रथम भारतीय खिलाड़ी अरुणा रेड्डी

22 फरवरी से मेलबोर्न, ऑस्ट्रेलिया में “जिमनास्टिक विश्व कप खेल” का आयोजन किया गया। यह खेल आयोजन इंटरनेशनल जिमनास्टिक फेडरेशन द्वारा मेलबोर्न स्थिति विश्व प्रसिद्ध खेल परिसर केंद्र में आयोजित किया गया। इस आयोजन में कुल 16 देशों के एथलीट ने हिस्सा लिया।

इस प्रतियोगिता में कांस्य पदक जीतने वाली अरुणा बुद्धा रेडी प्रथम भारतीय एथलीट है। 22 वर्षीय अरुणा बुद्धा रेडी हैदराबाद से संबंध रखती है और एक पूर्व ब्लैक बेल्ट कराटे ट्रेनर है। अरुणा ऑस्ट्रेलिया में आयोजित होने वाले राष्ट्रमंडल खेल 2018 में भारतीय जिमनास्टिक संघ की ओर से प्रतिनिधित्व करेगी।

Source: Business-Standard


रूस्तम -2 ड्रोन

रक्षा अनुसंधान और विकास संगठन द्वारा भारतीय सेना, भारतीय नौसेना और भारतीय सशस्त्र बलों के लिए रूस्तम -2 नामक ड्रोन विकसित किया गया है। यह ड्रोन एक Medium Altitude Long Endurance Unmanned Air Vehicle (UAV) है, जिसे वर्ष 1980 के दशक में दिवंगत प्रोफेसर रुस्तम दमानिया के नेतृत्व वाली टीम द्वारा विकसित किया गया। यह ड्रोन भारतीय सशस्त्र बलों के लिए सेवारत हेरॉन (Heron) ड्रोन का स्थान ग्रहण करेगा।

यह ड्रोन मुख्यता तीन श्रेणियों में विभाजित है:
रुस्तम प्रथम: 12 घंटे की उड़ान जारी रखने वाला सामरिक UAV
रुस्तम एच: 24 घंटे से अधिक उड़ान जारी रखने वाला सामरिक यूएवी
रुस्तम द्वितीय: रुस्तम एच मॉडल पर आधारित एक मानव रहित युद्ध विमान, जो शिकारी ड्रोन के रूप में तुलनात्मक है।

Source: Indian Express


राष्ट्रीय राजमार्ग 925 पर सड़क निर्माण अनुबंध

भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण द्वारा राजस्थान राज्य के बाड़मेर और जालौर जिले के मध्य सड़क निर्माण हेतु पब्लिक प्राइवेट पार्टनरशिप के तहत सड़क निर्माण अनुबंध किया गया।

यह अनुबंध राष्ट्रीय राजमार्ग 925 के गागरिया बावड़ी कला से सेरवा भाकसर तक किया गया है। जिसके तहत कुल 196.7 किलोमीटर लंबी 2 लेन सड़क निर्माण किया जाएगा। इस परियोजना की कुल पूंजी लागत 1134 करोड़ रुपए है।

यह अनुबंध मैसर्स जीएचवी (इंडिया) प्राइवेट लिमिटेड और भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण के मध्य 24 माह की अवधि के लिए किया गया। इस परियोजना में 9 लघु पुलों, 1 आरओबी, 2 ट्रम्पेट इंटरचेंज, 2 वाहन अंडरपास और 11 लाइट वाहक अंडरपास शामिल हैं।

यह सड़क निर्माण अंतरराष्ट्रीय सीमा के नजदीक होने और भारतीय सैन्य वाहन परिचालन के कारण सामरिक महत्व का दर्जा रखता है।

Source: PIB


प्रथम भारतीय इंटर मॉडल स्टेशन स्थापना: नागपुर और वाराणसी

इंटर मॉडल स्टेशन एक टर्मिनल इंफ्रास्ट्रक्चर है जो रेल, रोड, रैपिड ट्रांजिट सिस्टम, अंतर्देशीय जलमार्ग, ऑटो रिक्शा टैक्सी और निजी वाहनों को एकीकृत करती है, ताकि लोगों को एक मोड से दूसरे में जाने में न्यूनतम ऑटोमोबाइल उपयोग की आवश्यकता हो।

इंटर मॉडल स्टेशन सार्वजनिक परिवहन के साधनों के उपयोग को प्रोत्साहित करके अंतर्राज्यीय बस यातायात और निकासी की व्यवस्था को प्रभावी ढंग से उपयोग करने में सहायक होगा। यह स्टेशन अगले 30 वर्षों तक यात्री वर्गों को आपातकालीन सेवाएं, सुविधा स्टोर, एकीकृत सार्वजनिक सूचना प्रणाली, आधुनिक अग्निशमन, एस्केलेटर और वाणिज्य प्रतिष्ठान जैसी सुविधाएं भी प्रदान करेगा।

इंटर मॉडल स्टेशनों के विकास से शहरों में वाणिज्यिक विकास और आर्थिक गतिविधि को बढ़ावा मिलेगा, जो विकास क्षेत्र के सामाजिक-आर्थिक प्रोफाइल को महत्वपूर्ण रूप से बदल सकता है।

इंटर मॉडल स्टेशन स्थापना के लिए राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण नोडल एजेंसी है, हाल ही में राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण द्वारा देश के प्रथम इंटर मॉडल स्टेशन को नागपुर और वाराणसी में स्थापित करने संबंधी विस्तृत पूर्व व्यवहार्यता अध्ययन पूर्ण कर लिया गया है।

Source: PIB


बंदरगाह, जलमार्ग का राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी केंद्र

केंद्रीय जलमार्ग मंत्रालय द्वारा IIT चेन्नई में देश के प्रथम बंदरगाह, जलमार्ग राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी केंद्र (NTCPWC) की स्थापना की गई।

यह प्रौद्योगिकी केंद्र, केंद्र सरकार की महत्वकांक्षी सागरमाला परियोजना के तहत स्थापित किया गया है, जो भारत के अंतर्देशीय जलमार्ग प्राधिकरण और अन्य संस्थानों के लिए तकनीकी इनपुट और सहयोग प्रदान करेगा।

यह सागर, तटीय और एस्ट्रिन फ्लो, तलछट परिवहन और Morphodynamics, नेविगेशन और क्रियान्वयन के साथ साथ बंदरगाह और तटीय इंजीनियरिंग संरचनाओं और ब्रेकवाटर, स्वायत्त प्लेटफार्मों और वाहनों के प्रायोगिक, 2 डी और 3 डी मॉडलिंग के क्षेत्रों में व्यावहारिक अनुसंधान को जारी रखेगा।

NTCPWC की स्थापना से भारत में बंदरगाह और समुद्री क्षेत्र के लिए प्रासंगिक स्वदेशी तकनीक के विकास को बढ़ावा मिलेगा। यह सरकार की “मेक इन इंडिया” कार्यक्रम और “सागरमाला” कार्यक्रम को बढ़ावा देगा।

इसे एक विश्व स्तर के अत्याधुनिक केंद्र के रूप में तैयार किया जाएगा, जिसमें नवीनतम प्रौद्योगिकी उपकरण होंगे और यह हमारी विदेशी संस्थानों पर निर्भरता को कम करने में सहायक होगा।

Source: PIB

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