Current Affairs March 8, 2018

Current-Affairs-March-8-2018

Current Affairs March 8, 2018 को सभी अखबारों जैसे द हिंदू, द इकोनॉमिक टाइम्स, प्रेस इनफार्मेशन ब्यूरो, टाइम्स ऑफ इंडिया, इंडियन एक्सप्रेस और बिजनेस स्टैंडर्ड का अध्ययन कर तैयार किया गया है। यह जानकारी पाठक को UPSC, SSC, Banking, Railway और अन्य सभी प्रतियोगिता परीक्षा में बेहतर प्रदर्शन में सहायक होगी।

मध्यस्थता और सुलह (संशोधन) विधेयक, 2018

केंद्रीय मंत्रिमंडल द्वारा मध्यस्थता और सुलह (संशोधन) विधेयक 2018 को मंजूरी दे दी गई। यह विवादों के निपटारे के लिए संस्थागत मध्यस्थता को प्रोत्साहित करने और भारत को मजबूत वैकल्पिक विवाद समाधान (एडीआर) तंत्र का केंद्र बनाने के लिए सरकार के प्रयासों का एक हिस्सा है।

इस अधिनियम के तहत वर्ष 1996 में स्थापित मध्यस्थता विधेयक में आवश्यक संशोधनों के माध्यम से संस्थागत मध्यस्थता में सुधार लाने के लक्ष्य को हासिल किया जा सके।

इस संबंध में अदालत से संपर्क करने की आवश्यकता के बिना, उच्चतम न्यायालय या उच्च न्यायालय द्वारा निर्धारित मध्यस्थ संस्थानों के माध्यम से मध्यस्थों की त्वरित नियुक्ति की जाएगी।

इस संशोधन में एक स्वतंत्र निकाय ‘भारतीय मध्यस्थता परिषद‘ का निर्माण किया जाएगा, जो ग्रेड मध्यस्थ संस्था होगी और मानदंडों को स्थापित करने और मध्यस्थता और सुलह को बढ़ावा देने और प्रोत्साहित करने के लिए आवश्यक सभी कदम उठाएगी।

भारतीय मध्यस्थता परिषद का अध्यक्ष सर्वोच्च न्यायालय के मुख्य न्यायाधीश या उच्च न्यायालय के न्यायाधीशों में से होंगे।

इस अधिनियम के अनुभाग 42 ए तहत मध्यस्थ संस्थान पुरस्कारों को छोड़कर सभी मध्यस्थ कार्यवाही की गोपनीयता बनाए रखेंगे।

हमें ध्यान देना चाहिए कि केंद्र सरकार ने मध्यस्थता और सुलह (संशोधन) विधेयक की प्रस्तावना और व्यवहारिक कठिनाइयों को दूर करने के लिए भारत के सर्वोच्च न्यायालय के (सेवानिवृत्त) न्यायाधीश बीएच श्रीकृष्ण की अध्यक्षता में समिति का गठन किया था, जिनकी सिफारिशों के अनुरूप मध्यस्थता (संशोधन) विधेयक का गठन किया जा सका।

Source: PIB


उच्च न्यायालय वाणिज्यिक प्रभाग (संशोधन) विधेयक, 2018

7 मार्च 2018 को केंद्रीय मंत्रिमंडल ने वाणिज्य न्यायालय, वाणिज्य प्रभाग और उच्च न्यायालय वाणिज्यिक प्रभाग (संशोधन) विधेयक 2018 को सहमति प्रदान की। इस संशोधित विधेयक में वाणिज्यिक विभाग ने ₹3 लाख से ₹1 करोड़ मूल्य तक के विवादों को विस्तृत रूप से निर्दिष्ट किया गया।

यह संशोधन वाणिज्यिक विवादों को कम समय में पूर्ण करने की स्वतंत्रता प्रदान करता है, जिससे भारत को Ease of Doing Business सूची में सुधार के आवश्यक उपलब्धता कराता है।

यह संशोधन विधेयक क्षेत्राधिकार के लिए जिला न्यायाधीश स्तर पर वाणिज्यिक न्यायालयों की स्थापना का अधिकार प्रदान करता है।

यह विधेयक वाणिज्यिक विवादों से संबंधित मामलों का तेजी से समाधान करने और विशेष रूप से स्वतंत्र और उत्तरदायी भारतीय कानून व्यवस्था, वाणिज्यिक न्यायालयों, वाणिज्यिक प्रभाग और उच्च न्यायालयों के वाणिज्यिक अपीलीय डिवीजन के बारे में विदेशी निवेशकों के बीच एक सकारात्मक छवि बनाने का प्रयास है।

Source: PIB


डी बी शेकटकर समिति

केंद्रीय रक्षा मंत्रालय द्वारा सैनिकों की मुकाबला करने की क्षमता को बढ़ाने के लिए आवश्यक उपायों की सिफारिशों हेतु लेफ्टिनेंट जनरल (सेवानिवृत्त) डीबी शेकटकर की अध्यक्षता में विशेषज्ञों की एक समिति का गठन किया गया था।

इस समिति द्वारा दिसंबर 2016 में प्रस्तुत रिपोर्ट पर आवश्यक कार्यवाही और क्रियान्वयन के अंश इस प्रकार है:

1. ऑर्डनेंस सेक्शनलों का पुनर्निर्याण करने के लिए वाहन डिपो, ऑर्डनेंस डिपो और सेंट्रल ऑर्डनेंस डिपो को सूचीबद्ध कर नियंत्रण तंत्र को व्यवस्थित करना।
2. शांति के स्थानों में सैन्य फार्मों की समाप्ति और शांति स्थानों में सेना डाक प्रतिष्ठान की स्थापना।
3. सेना में लिपिक स्टाफ और ड्राइवरों की भर्ती के लिए मानकों में संवर्धन।
4. राष्ट्रीय कैडेट कोर की दक्षता में सुधार करना।

Source: PIB


उत्तर पूर्व विकास वित्त निगम लिमिटेड की स्थापना

केंद्रीय वित्त मंत्रालय ने पूर्वोत्तर क्षेत्र के विकास के लिए एक समर्पित उत्तर-पूर्व विकास वित्त निगम लिमिटेड की स्थापना संबंधी प्रस्ताव का समर्थन किया, जिसमें 100 करोड़ रुपए का कोष स्थापित किया जाएगा।

इस निगम की स्थापना के लिए नीति आयोग के मुख्य कार्यकारी अधिकारी की अध्यक्षता में उच्च स्तरीय समिति का गठन किया गया है। जिसके अन्य सदस्य लघु और मध्यम उद्योग मंत्रालय के सचिव और कौशल विकास और उद्यमिता मंत्रालय के सचिव होंगे।

उत्तर-पूर्व विकास वित्त निगम लिमिटेड के अंतर्गत पूर्वोत्तर राज्य में मेगा फूड पार्क, एकीकृत कोल्ड चेन और वैल्यू इश्यूशन इन्फ्रास्ट्रक्चर आदि की स्थापना भी की जाएगी।

Source: PIB


अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस: 8 मार्च

अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस प्रतिवर्ष 8 मार्च को आयोजित किया जाता है। यह विश्व के विभिन्न क्षेत्रों में महिलाओं के प्रति सम्मान प्रशंसा और आभार को प्रकट करने के लिए आयोजित किया जाता है।

यह दिवस सर्वप्रथम 28 फरवरी वर्ष 1909 में न्यूयॉर्क शहर में एक समाजवादी राजनीतिक कार्यक्रम के रूप में आयोजित किया गया था। जिसके उपरांत वर्ष 1917 में सोवियत संघ ने 8 मार्च को एक राष्ट्रीय अवकाश घोषित किया था।

वर्ष 1975 में अंतर्राष्ट्रीय महिला वर्ष के दौरान संयुक्त राष्ट्र ने 8 मार्च को अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस के रूप में आयोजित किया जाना प्रस्तावित किया था।

Source: TimesofIndia


बालकृष्ण दोशी ने आर्किटेक्चर के शीर्ष प्रिज़्कर पुरस्कार जीता

नॉनजेनेरियन आर्किटेक्ट और प्रतिष्ठित शहरी नियोजक बालकृष्ण दोशी को आर्किटेक्चर के सर्वोच्च सम्मान – प्रिटज़कर पुरस्कार के विजेता के रूप में नामित किया गया है। इस पुरस्कार से सम्मानित होने वाले वह प्रथम भारतीय नागरिक होंगे।

उनके डिजाइन आई आई एम- बैंगलोर, पर्यावरण योजना और प्रौद्योगिकी केंद्र- अहमदाबाद जैसे प्रमुख केंद्र शामिल है।

वर्ष 1979 में हयात फाउंडेशन के जे ए प्रिज़्कर और उनकी पत्नी सिंडी द्वारा प्रिज़्कर पुरस्कार की स्थापना की गई थी। यह दुनिया की प्रमुख वास्तुकला पुरस्कारों में से एक माना जाता है और अक्सर वास्तुकला के नोबेल पुरस्कार के रूप में जाना जाता है।

पुरस्कार प्राप्तकर्ता को सम्मान स्वरूप प्रमाण पत्र, कांस्य पदक और $100,000 प्रदान किया जाता है।

Source: The Hindu

Seema Charan

I am a House wife & I love to post Current Affairs Article & Objective Question Answers of GK in Hindi for Students. Hope You Like it. Don't Forget to Share Them.